गुरुग्राम। जिला प्रशासन और जिम्मेदार विभाग की गड्ढा मुक्त सड़कों की सच्चाई देखनी हो तो गांव धनकोट के नहर के नजदीक आएं। यहां से गांव चंदू, सुल्तानपुर, फरुखनगर, बादली और झज्जर को जाने को जाने वाली पक्की मुख्य सड़क गड्ढे में तब्दील हो चुकी है।




खामोश हैं जिम्मेदार
पाइप लाइन लीकेज के चलते गड्ढों में पानी भरा हुआ है, जिससे सड़क तालाब की शक्ल में दिख रही है। इस वजह से आने-जाने वाले लोग गहराई का अंदाजा नहीं लगा पाते और गिरकर बुरी तरह से चोटिल हो जाते हैं। सड़क से हजारों लोगों का रोज आना जाना रहता है। फिर भी जिम्मेदार अधिकारियों तक आम आदमी की समस्या नहीं पहुंच रही है। जिम्मेदार पूरी तरह खामोश हैं।
गड्ढ़ों में तब्दील हुई सड़क
कई बार मुख्यमंत्री जिला प्रशासन के अधिकारियों को सड़कों को गड्ढा मुक्त किए जाने के निर्देश दे चुके हैं। लोगों को उम्मीद थी कि इस सड़क के भी दिन सुधरेंगे, लेकिन कुछ नहीं हुआ। द्वारका एक्सप्रेस-वे से लेकर गांव धनकोट से चंदू चौक तक सड़क पूरी तरह से गड्ढों में तब्दील है।
यहां से गुजरने वाले वाहन चालक सुधीर चावला, मनीषा कटारिया, डा. राजबीर राणा और अन्य ग्रामीणों ने कहा कि सड़क के नुकीले पत्थर से साल भर चलने वाले टायर व ट्यूब मात्र चार महीने तक ही चलते हैं।
एम्स अस्पताल के चालक ओमबीर का कहना है कि गहरे गड्ढों में तब्दील सड़क से मरीजों को ले जाने में डर लगता है। सड़क जर्जर होने से काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। काफी लोग दुर्घटना के शिकार हो चुके हैं। आखिर इस सड़क की सुध कब लेगा प्रशासन।
